समसामयिक ; गेहूं के बढ़वार के लिए अच्छा समय, टमाटर और आलू में झुलसा रोग की आशंका, देखें कृषि एडवाइजरी..

कृषि वैज्ञानिकों ने रबी सीजन की फसलों के लिए समसामयिक कृषि सलाह (Current Agricultural Advice) जारी की है, देखें संपूर्ण जानकारी..

 

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Current Agricultural Advice | रबी फसल की बुवाई लगभग पूरी हो चुकी है। इस समय गेहूं, चना, सरसों, जौ, लहसुन, प्याज, आलू एवं टमाटर आदि रबी फसलों में सिंचाई का कार्य चल रहा है। गेहूं की बढ़वार अच्छी हो रही है, लेकिन दिसंबर माह में तापमान में पर्याप्त गिरावट नहीं होने के कारण एवं दिन की गर्मी के चलते रोग का प्रकोप होने की संभावना बढ़ती जा रही है।

इसके साथ ही टमाटर और आलू में झुलसा रोग की आशंका भी इस समय रहती है। ऐसे में किसानों के लिए कौन-कौन से उपाय करना चाहिए आईए जानते हैं..

गेहूं की देरी से बुवाई पर यह ध्यान दें

कृषि वैज्ञानिकों के मुताबिक गेहूं की देरी से बुवाई करने पर बीज की मात्रा 125 किलो प्रति हेक्टेयर का प्रयोग करें। गेहूं की पिछेती किस्मों की बुवाई दिसंबर के पहले पखवाड़े तक की जा सकती है।

इनमें एचआई 1650, एचआई 1634, GW 513, राज 4238, एचडी 2236, जीडब्ल्यू 173, जीडब्ल्यू 273, राज 3765, राज 3077, राज 3777, एचडी 2932, एमपी 1243, एचआई 8498 (काठिया) व एचआई 8713 की बुवाई करें। इसके साथ-साथ रबी फसलों में समय पर और संतुलित सिंचाई करना जरूरी है। साथ ही यह भी ध्यान रखना चाहिए कि खेत में पानी ज्यादा न भरे। Current Agricultural Advice

गेहूं में सिंचाई का तरीका

गेहूं में प्रथम सिंचाई फसल बोने के 20-25 दिन पर शीर्ष जड़ जमने के समय करें। नाइट्रोजन उर्वरक की एक चौथाई मात्रा (55-66%) पहली सिंचाई के समय देना चाहिए। Current Agricultural Advice

आलू एवं टमाटर की लगातार निगरानी करें

कृषि वैज्ञानिक बताते हैं कि हवा में ज्यादा नमी के कारण आलू तथा टमाटर में झुलसा रोग आने की आशंका है। इसलिए फसल की नियमित रूप से निगरानी करें। लक्ष्ण दिखाई देने पर डाईथेन एम-45 2.0 ग्राम प्रति लीटर पानी में मिलाकर छिडकाव करें। Current Agricultural Advice

गेहूं एवं जौ में दीमक का रोगोपचार

गेहूं एवं जौ में इस समय कहीं-कहीं दीमक का प्रकोप भी नजर आता है। किसान साथी गेहूं और जौ की खड़ी फसल में दीमक नियंत्रण के लिए 4 लीटर क्लोरपाइरीफोस 20% ईसी को 80 से 100 किलोग्राम मिट्टी में मिलाकर एक हेक्टेयर में समान रूप से फैलाएं और हल्की सिंचाई करें। Current Agricultural Advice

जीरे में 7-8 दिन में सिंचाई करें

कृषि वैज्ञानिकों के मुताबिक जीरा की फसल में अच्छे अंकुरण के लिए 7-8 दिन के अन्तराल पर सिंचाई करते रहें। वर्तमान मौसम परस्थितियों में जौ की फसल में प्रथम सिंचाई के 10-12 दिन के अंदर कम से कम एक बार निराई-गुड़ाई कर खरपतवार अवश्य निकाल दें। Current Agricultural Advice

चने में कीट नियंत्रण ऐसे करें

चने की फसल में कटवर्म कीट के प्रकोप के नियंत्रण के लिए क्विनालफॉस 25 ईसी 1 लीटर प्रति हेक्टेयर या फेनवेलरेट 0.4% पावडर 25 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर का छिड़काव करें। Current Agricultural Advice

आम के तनों पर मिलीबग का ध्यान रखें

इस मौसम में मिलीबग के बच्चे जमीन से निकलकर आम के तनों पर चढ़ेंगे, इसे रोकने के लिए किसान जमीन से 0.5 मीटर की ऊंचाई पर आम के तने के चारों तरफ 25 से 30 सेमी चौड़ी अल्काधीन की पट्टी लपेटें। तने के आसपास की मिट्टी की खुदाई करें, इससे उनके अंडे नष्ट हो जाएंगे। Current Agricultural Advice

गोभी वर्गीय सब्जियों की देखभाल इस तरह करें

फूलगोभी, बंद गोभी, नोलखोल, ब्रोकली की फसल के परिपक्व पौधों की रोपाई उठी हुई क्यारियों में की जा सकती है। गोभीवर्गीय सब्जियों में पत्ती खाने वाले कीटों की निरंतर निगरानी करते रहें। संख्या ज्यादा हो तो बीटी 1 ग्राम प्रति लीटर पानी या स्पेनोसेड दवा 1 एमएल प्रति 3 लीटर पानी में मिलाकर छिड़काव करें। Current Agricultural Advice

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